धमकी से दहला वाराणसी कोर्ट परिसर — जिला जज निकले बाहर, भारी पुलिस बल तैनात
वाराणसी कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, जिला जज समेत पूरा परिसर खाली — 200 से ज्यादा पुलिसकर्मी सर्च ऑपरेशन में जुटे
वाराणसी। गुरुवार को उस समय कचहरी परिसर में हड़कंप मच गया जब जिला जज के आधिकारिक ईमेल आईडी पर कचहरी परिसर को बम से उड़ाने की धमकी भरा संदेश प्राप्त हुआ। ईमेल में स्पष्ट रूप से उल्लेख किया गया था कि दोपहर 1:30 बजे कचहरी परिसर में विस्फोट किया जाएगा। इस सूचना के मिलते ही न्यायिक और प्रशासनिक महकमे में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

धमकी की सूचना मिलते ही जिला जज ने तत्काल जिला अधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को अवगत कराया। प्रशासन ने बिना समय गंवाए सुरक्षा एजेंसियों को सक्रिय कर दिया। पुलिस, बम निरोधक दस्ता (BDDS), डॉग स्क्वायड और अन्य सुरक्षा बलों को मौके पर बुलाया गया। सुरक्षा की दृष्टि से पूरे कचहरी परिसर को चरणबद्ध तरीके से खाली कराया गया।

कचहरी परिसर में मौजूद अधिवक्ताओं, वादकारियों और आम नागरिकों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। किसी प्रकार की भगदड़ न हो, इसके लिए पुलिस बल ने संयम के साथ लोगों को बाहर भेजा। पूरे परिसर की सघन तलाशी अभियान चलाया गया। हर संदिग्ध वस्तु की बारीकी से जांच की गई।
अधिवक्ताओं का कहना है कि पूर्व में भी कचहरी परिसर को आतंकवादी हमले का निशाना बनाया जा चुका है, जिसमें कई अधिवक्ताओं और आम नागरिकों की जान चली गई थी। इस घटना को ध्यान में रखते हुए इस बार प्रशासन ने विशेष सतर्कता बरती और कोई जोखिम नहीं उठाया।
धमकी भरे ईमेल में यह भी दावा किया गया है कि 10 से 15 आतंकवादी वाराणसी शहर में प्रवेश कर चुके हैं। हालांकि प्रशासन की ओर से इस दावे की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ईमेल की सत्यता और स्रोत की जांच साइबर सेल की टीम कर रही है। ईमेल किस स्थान से और किस आईडी से भेजा गया, इसकी तकनीकी जांच की जा रही है।
घटना के बाद पूरे शहर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। प्रमुख चौराहों, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। आने-जाने वाले लोगों और वाहनों की सघन चेकिंग की जा रही है।

जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें। प्रशासन का कहना है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं।

फिलहाल जांच एजेंसियां पूरे मामले की गंभीरता से जांच में जुटी हैं। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।








