लखनऊ के दुबग्गा क्षेत्र में मानवता की मिसाल देखने को मिली, जब एक इलेक्ट्रिक बस में चार साल का मासूम बच्चा अकेला मिला। बताया जा रहा है कि बच्चा विराज खंड से दुबग्गा आ रही बस में यात्रियों के बीच अकेला खड़ा मिला था। स्थिति को भांपते हुए चालक महेंद्र कुमार और परिचालक चंद्र प्रकाश यादव ने तत्परता दिखाते हुए बच्चे को सुरक्षित अपने संरक्षण में लिया।
केंद्र प्रभारी अनिल तिवारी के निर्देश पर बच्चे को डिपो लाया गया और इसके बाद दुबग्गा थाना में पुलिस की मौजूदगी में आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की गईं। सहायक प्रबंधक डी.के. गर्ग की उपस्थिति में मासूम को उसके परिजनों को सकुशल सौंप दिया गया।
रोडवेज कर्मियों की सतर्कता और जिम्मेदारी से एक बड़ा हादसा टल गया। स्थानीय लोगों ने उनके इस मानवीय कदम की सराहना की है।








