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बिहार में नई ई-पंजीयन प्रणाली: अब घर बैठे बेचे अपनी जमीन

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आज हम आपसे बात करने जा रहे हैं कि आपके बिहार में आप सब के लिए एक नई सुविधा को शुरू कर दिया गया है जिससे कि अब आप अपने घर पर ही बैठे-बैठे जमीन को आसानी से भेज सकते हैं इसके लिए आपको कहीं जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी ई-पंजीयन प्रणाली के तहत आपके राज्य के सरकार ने 15 जिला में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के लिए सुविधा को देने के लिए फैसला कर लिया है इससे क्या है कि आप आप सबका इससे न केवल समय ही बचेगा बल्कि आपको बार-बार सरकारी कार्यालय में जाने की जरूरत भी नहीं पड़ेगी आपको उससे मुक्ति मिल जाएगा इस प्रणाली का जो प्रथम उद्देश्य है आपकी जमीन को खरीदना और बेचना इसके जो भी प्रक्रिया है बहुत ही आसान और खुलापन बनाना है।

इस नए सॉफ्टवेयर के जरिए से आपको पता है आम लोग भी अब अपने घर से ही जमीन की जो रजिस्ट्री है उसके लिए आवेदन कर सकते हैं इससे क्या है कि आपकी जमीन की जो श्रेणी है शुल्क है और अन्य जो भी जरूरी जानकारी है सब उपलब्ध होगा उसे पर इसके अलावा भी e-KYC की भी सुविधा के जरिए से संपत्ति के जो भी विक्रेता है उनके आधार का प्रमाणीकरण भी किया जाएगा जिससे कि या जो पूरी प्रक्रिया है ज्यादा से ज्यादा सुरक्षित रहेगा इस ई – पंजीयन प्रणाली से आपकी जमीन के लेनदेन की जो प्रक्रिया है उसमें और भी ज्यादा तेजी आ जाएगा और आप सबको एक बार में ही सरकारी कार्यालय में आने की जरूरत होगी या पल जो है आपके बिहार के लोगों के लिए बहुत ही बड़ा रहता साबित हो सकता है।

आम नागरिकों के लिए राहत की खबर

बिहार में जितने भी निवासी मतलब जो भी लोग रहने वाले हैं आप सब लोग के लिए यह बहुत ही जरूरी और सुविधाजनक खबर आया हुआ है अब आप बिना सरकारी कार्यालय में जाए ही अपनी जमीन को आसानी से खरीद सकते हैं और भेज भी सकते हैं आपके बिहार के जो सरकार है उन्होंने 15 जिला में ई-पंजीयन प्रणाली की शुरुआत करने का फैसला ले लिया है या जो नई सुविधा है उसके तहत आप लोग जो भी है घर पर बैठे-बैठे ही ऑनलाइन रजिस्ट्री के लिए आवेदन कर सकते हैं इससे न केवल आपका समय बचेगा बल्कि जो भूमि के लिए बार-बार कार्यालय में जाना पड़ता था वो प्रक्रिया में भी और आसानी हो जाएगा

नया सॉफ्टवेयर और उसकी सुविधा

जितना भी समय है उसी में फाइल के पंजीयन का काम जो है वह स्कूल सॉफ्टवेयर के जरिए से किया जा रहा है लेकिन हां अब नए ई – निबंधन सॉफ्टवेयर का विकास कर दिया गया है निबंध उपमहानिरीक्षक सुनील कुमार सुमन मैं भी इसके संबंध में सब रजिस्ट्रार को आदेश दे दिया है कि यह जो नया सॉफ्टवेयर है जो कि इस समय लागू कर दिया जाएगा इस सॉफ्टवेयर में आप सभी को जमीन की श्रेणी उसे पर जो भी शुल्क है और कोई भी जरूरी जानकारी जो भी है वह सब इस पर मिल जाएगा। इसी के साथ e-KYC की भी सुविधा को प्रदान किया गया जिससे कि संपत्ति के जो विक्रेता है उनके आधार की प्रमाणीकरण सुनिश्चित होगी।

आपके बिहार में नई ई – पंजीयन प्रणाली का पेपर न केवल आपके जमीन को खरीदने और बेचने की प्रक्रिया को और आसान बनाता है बल्कि यह जो आप सबको एक खुलापन और अच्छा अनुभव भी प्रदान करता है जब भी आप लोग बिना सरकारी ऑफिस में बार-बार जाए ही घर बैठे बैठे ही अपने संपत्ति के रजिस्ट्रेशन के लिए आवेदन को कर सकते हैं इस पल सी केवल आपका समय बचेगा बल्कि आपके भूमि का जो लेनदेन है उसमें भी तेजी आएगा उम्मीद है कि यह जो प्रणाली है जल्द ही अन्य जिला में भी लागू कर दिया जाएगा जिससे कि ज्यादा से ज्यादा लोग इस सुविधा का जो है लाभ उठा सकेंगे।

 म्यूटेशन की स्वचालित प्रक्रिया

एक और जरूरी जानकारी है यही कि इस नए सॉफ्टवेयर को भूमि सुधार विभाग ने सॉफ्टवेयर के साथ इकट्ठा किया जाएगा इसका मतलब यही है कि जो भी जमीन की रजिस्ट्री के साथ-साथ म्यूटेशन मतलब की जमीन के मालिक का आधिकारिक बदलाव का जब प्रक्रिया है उसको भी संचालित रूप से किया जाएगा इसमें क्या है कि आप सबको एक बार ही कार्यालय में जाना पड़ेगा जहां की आप केवल अपना फोटो, फिंगरप्रिंट और एग्रीमेंट की जानकारी देंगे या जो प्रक्रिया है बहुत ही आसान है और सुविधाजनक है इसके साथ-साथ आपका समय भी बचेगा।

 जिन जिलों में शुरू होगी सुविधा

यह नई सुविधा निम्नलिखित जिलों में शुरू की जाएगी:

1. पश्चिम चंपारण
2. कैमूर
3. अररिया
4. बेगूसराय
5. भोजपुर
6. गया
7. गोपालगंज
8. कटिहार
9. लखीसराय
10. मधुबनी
11. नालंदा
12. पूर्वी चंपारण
13. सीतामढ़ी
14. सुपौल

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