अहरौरा, मिर्जापुर। महान दर्शन शास्त्री,परम परोपकारी एवं धर्म सुधारक संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास जयंती के अवसर पर रविवार को दिन में नगर में बाजे गाजे के साथ गुरु रविदास जी की झांकी थाना क्षेत्र के लगभग आधा दर्जन स्थानों से झांकियां कजाकपुर में एकत्रित हुई जो जलूस के रूप में परिवर्तित हुई।
झांकी में हजारों की संख्या में ग्राम सभा मानिकपुर, ग्राम सभा महुली, कजाकपुर, उसरा, पट्टीकला, पट्टीखुर्द, टिकरा खरंजा, बूढ़ादेई से भरी संख्या में उनके अनुयाई संत शिरोमणि रविदास जी की शोभायात्रा में सम्मिलित थे, जो मन चंगा तो कठौती में गंगा का जयघोष के साथ डी जे पर थिरकते नजर आए।
शोभा यात्रा नगर के मोहल्ला कजाकपुर, मेहंदीपुर, रवानी टोला, बूढ़ादेई, नई बाजार, मोहल्ला कसरहट्टी, चौक बाजार, टिकरा खरंजा, पट्टी कला होते हुए दुर्गा जी मंदिर स्थित संत रविदास मंदिर पर जाकर सायं समाप्त हुई जहां पर संत रविदास के अनुयायियों द्वारा भजन कीर्तन के उपरांत प्रसाद वितरित किया गया।
शोभा यात्रा में उपस्थित इंद्रदेव शर्मा एडवोकेट ने संत शिरोमणि गुरु रविदास जी के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वे एक महान धर्म सुधारक एवं परोपकारी संत थे जिन्होंने कहा था कि:
मन हीं पूजा मन हीं धूप
मन हीं सेंउ सहज स्वरूप
शोभा यात्रा में उपस्थित प्रमुख लोगों में दीपक कुमार, राम लखन, महेंद्र भारती, अमरेश चंद्र, राजेश कुमार, डॉक्टर शिव मूरत, खुशिहाल, महेंद्र बागी सहित काफी संख्या में संत रविदास के अनुयाई उपस्थित रहे।








