गाजीपुर। सम्राट अशोक क्लब भारत द्वारा सिद्धार्थ नगर जमानिया, गाजीपुर में भारत लेनिन बाबू जगदेव प्रसाद के जन्मदिन एवं सम्राट अशोक क्लब भारत के स्थापना दिवस के अवसर पर प्रतिवर्ष आयोजित होने वाले लटिया महोत्सव का इस वर्ष भी भव्य आयोजन किया गया। महोत्सव का उद्देश्य वसुधैव कुटुंबकम् की भावना को साकार करते हुए विश्व में शांति और सद्भावना का संदेश देना रहा।
रविवार, 2 फरवरी 2026 को महोत्सव की शुरुआत सम्राट अशोक स्तंभ के समक्ष मुख्य अतिथि थाईलैंड से आए प्रांतीय गवर्नर एवं धम्म गुरु पूज्य फ्रा अनिल शाक्य द्वारा पंचशील दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद राष्ट्रीय ध्वज, पंचशील ध्वज एवं सम्राट अशोक क्लब ध्वज का ध्वजारोहण किया गया तथा राष्ट्रगान गाया गया।
मुख्य अतिथि फ्रा अनिल शाक्य ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान बुद्ध और सम्राट अशोक के विचारों को अपनाकर भारत पुनः विश्व गुरु बन सकता है। उन्होंने विश्व समुदाय के साथ मधुर संबंध स्थापित करने में बुद्ध और अशोक के संदेशों की आज भी प्रासंगिकता पर प्रकाश डाला।
मुख्य वक्ता डॉ. सच्चिदानंद मौर्य ने कहा कि भगवान बुद्ध का दर्शन मानव को मानव से और राष्ट्र को राष्ट्र से जोड़ने का व्यावहारिक मार्ग दिखाता है। यही कारण है कि बुद्ध के विचारों के अनुयायी आज पूरी दुनिया में हैं। सम्राट अशोक ने भी इन्हीं विचारों को अपनाकर विश्व में शांति और कल्याण का मार्ग प्रशस्त किया।
कार्यक्रम के आकर्षण में अंतरराष्ट्रीय मुख्य अतिथि के साथ सैक टीम द्वारा प्रस्तुत अंगुलिमाल नाटक, कवि सम्मेलन तथा पूरी रात धम्म गीतों और राष्ट्रीय गीतों से सजी संगीतमय संध्या शामिल रही।
कार्यक्रम की अध्यक्षता सम्राट अशोक क्लब भारत के अध्यक्ष रविंद्र मौर्य ने की, जबकि मंच संचालन राष्ट्रीय संयोजक राजेश मौर्य ने किया। आयोजन समिति के अध्यक्ष धनंजय मौर्य एवं ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि संतोष कुशवाहा द्वारा कार्यक्रम स्थल को भव्य रूप दिया गया, जिसकी सभी ने सराहना की।
इस अवसर पर राष्ट्रीय महासचिव जीवनदीप मौर्य, दीनानाथ मौर्य, शत्रुघ्न सिंह शाक्य, आर.पी. मौर्य सहित विभिन्न प्रदेशों के अध्यक्ष एवं उनकी टीम के सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।







