हरदोई। प्रयागराज में दर्ज एफआईआर के बाद ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती से जुड़े मामले में बयान दर्ज करने के लिए प्रयागराज पुलिस की एक टीम देर रात हरदोई पहुंची। टीम यहां कथित पीड़ितों के बयान लेने के उद्देश्य से आई थी।
सूत्रों के अनुसार, प्रयागराज से आई पुलिस टीम ने स्थानीय पुलिस को केवल औपचारिक सूचना दी और आवश्यक होने पर सहयोग लेने की बात कही। हालांकि, टीम द्वारा किन-किन लोगों के बयान दर्ज किए गए, इसकी आधिकारिक पुष्टि अब तक नहीं हो सकी है। स्थानीय पुलिस को भी सीमित जानकारी ही दी गई है।
दरअसल, प्रयागराज में ज्योतिर्मठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती, उनके शिष्य स्वामी मुकुंदानंद ब्रह्मचारी तथा 2-3 अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ बाल यौन शोषण के आरोपों में एफआईआर दर्ज की गई है। यह कार्रवाई पॉक्सो कोर्ट के निर्देश पर की गई। कोर्ट ने झूंसी थाने के एसएचओ को लैंगिक अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम (POCSO) की धाराओं में मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था, जिसके बाद मुकदमा पंजीकृत किया गया।
मुकदमा दर्ज होने के बाद स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने मुख्य वादी आशुतोष ब्रह्मचारी पर पलटवार करते हुए उन्हें आपराधिक पृष्ठभूमि का बताया और आरोपों को निराधार करार दिया है।
रिपोर्ट- ओमजीत यादव









