नई दिल्ली। चाँदी को लेकर वैश्विक बाजार में बड़ी हलचल देखने को मिल रही है। विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले समय में चाँदी के दाम तेजी से बढ़ सकते हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह चीन द्वारा चाँदी के निर्यात नियमों में बदलाव बताया जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, 1 जनवरी से चीन ने चाँदी के निर्यात पर सख्ती करने का फैसला किया है, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में सप्लाई प्रभावित हो सकती है। जानकारों का कहना है कि दुनिया के कुल चाँदी भंडार का बड़ा हिस्सा चीन के पास मौजूद है, ऐसे में इस फैसले का सीधा असर वैश्विक कीमतों पर पड़ना तय माना जा रहा है।
विशेषज्ञों के अनुसार, चीन अब चाँदी आधारित बैटरियों (Silver-based Batteries) के विकास पर काम कर रहा है, जिन्हें इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) के लिए लिथियम बैटरी से अधिक प्रभावी माना जा रहा है। माना जा रहा है कि यही कारण है कि चीन चाँदी को अपने देश में ही सुरक्षित रखना चाहता है।
इसी बीच टेस्ला प्रमुख एलन मस्क के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि चीन का यह कदम वैश्विक बाजार के लिए संतुलन बिगाड़ने वाला हो सकता है। हालांकि, इस बयान को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि चीन ने लंबे समय तक चाँदी का निर्यात सीमित रखा, तो आने वाले महीनों में चाँदी की कीमतों में तेज उछाल देखने को मिल सकता है। ऐसे में निवेशकों और चाँदी रखने वालों को बड़ा फायदा हो सकता है।









