बलिया। मुख्य विकास अधिकारी द्वारा आज कलेक्ट्रेट सभागार में शिक्षा विभाग की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभागीय योजनाओं की प्रगति की गहन समीक्षा करते हुए लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया गया।
समीक्षा बैठक के दौरान खंड शिक्षा अधिकारी सदर के बिना पूर्व सूचना के अनुपस्थित रहने पर मुख्य विकास अधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताई। अनुशासनहीनता और कार्यों के प्रति उदासीनता को गंभीरता से लेते हुए तत्काल प्रभाव से खंड शिक्षा अधिकारी नगर क्षेत्र का वेतन रोकने के निर्देश जारी किए गए।
बैठक में समग्र शिक्षा योजना एवं कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों की स्थिति की समीक्षा की गई। विद्यालयों में उपलब्ध सुविधाओं, शैक्षणिक स्तर तथा छात्र-छात्राओं से जुड़ी व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। इसके साथ ही शासन की प्राथमिकता वाले CM डैशबोर्ड (CMIS) के अंतर्गत ‘ऑपरेशन कायाकल्प’ के 19 पैरामीटर्स की संतृप्ति की स्थिति की समीक्षा की गई। मुख्य विकास अधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी मानकों को समयबद्ध तरीके से पूर्ण किया जाए।
शीतकालीन अवकाश के बाद 16 जनवरी से विद्यालय खुलने के मद्देनज़र मुख्य विकास अधिकारी ने सभी स्कूलों में व्यापक साफ-सफाई सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि कोई भी बच्चा बिना स्कूल ड्रेस, जूते और स्वेटर के विद्यालय न आए। इसके लिए डीबीटी की स्थिति की भी समीक्षा की गई।
छात्रों की सुरक्षा को सर्वोपरि बताते हुए मुख्य विकास अधिकारी ने जनपद के सभी विद्यालयों में जर्जर भवनों और कमरों को चिन्हित कर समिति द्वारा मूल्यांकन की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि 10 फरवरी तक सभी जर्जर भवनों का ध्वस्तीकरण और नीलामी की प्रक्रिया अनिवार्य रूप से पूरी की जाए तथा किसी भी परिस्थिति में बच्चों को जर्जर कमरों में बैठाकर पढ़ाई न कराई जाए।
रिपोर्ट- संजय सिंह









