ज्योति सिंह ने स्पष्ट किया कि उनका जनसुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर से मिलना किसी राजनीतिक टिकट या चुनाव लड़ने के लिए नहीं था। उन्होंने कहा,
“मैं यहां उन सभी महिलाओं के लिए आई हूं जो मेरी तरह पीड़ित हैं। मैंने प्रशांत भैया से केवल इस संबंध में मुलाकात की थी, टिकट या चुनाव के लिए नहीं।”
ज्योति सिंह का यह बयान उनके सामाजिक एवं पीड़ित महिलाओं के प्रति संवेदनशीलता को उजागर करता है और यह दर्शाता है कि उनका उद्देश्य राजनीतिक फायदे नहीं बल्कि समर्थन और न्याय हासिल करना है।









