लखनऊ । उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन निविदा संविदा कर्मचारी संघ के बैनर तले आउटसोर्स बिजली कर्मचारियों का आंदोलन लगातार तीसरे दिन भी जारी रहा। राजधानी लखनऊ के इको गार्डन सहित प्रदेश के विभिन्न जनपदों में कर्मचारियों ने धरना-प्रदर्शन कर अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की।
संघ के प्रदेश महामंत्री देवेन्द्र पाण्डेय ने आरोप लगाया कि पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन अपने ही आदेशों का उल्लंघन कर लगभग 25 हजार आउटसोर्स कर्मचारियों को कार्य से हटाने की तैयारी कर रहा है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की भारी कमी के बावजूद अकुशल कर्मियों से लाइन का कार्य कराया जा रहा है, जिससे दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं और कई कर्मचारियों की जान जा चुकी है।
संघ ने समान कार्य के लिए समान वेतन, न्यूनतम 18 हजार रुपये मासिक वेतन, घायल कर्मचारियों के लिए कैशलेस इलाज, आउटसोर्स सेवा निगम में शामिल करने के प्रस्ताव का विरोध तथा उच्च न्यायालय और ऊर्जा मंत्री के आदेशों का पालन सुनिश्चित करने की मांग दोहराई। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।










