हरदोई। संडीला कोतवाली क्षेत्र के विराहिमपुर गांव में शनिवार रात एक बारात के दौरान मामूली कहासुनी ने हिंसक रूप ले लिया। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच जमकर लाठी-डंडे चले और पथराव हुआ। पीड़ित पक्ष ने मारपीट के दौरान दहशत फैलाने के लिए फायरिंग करने का भी गंभीर आरोप लगाया है। इस हिंसक झड़प में कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिससे शादी के जश्न के माहौल में अफरा-तफरी और भगदड़ मच गई। [1]


प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बारात में किसी बात को लेकर शुरू हुआ विवाद अचानक इतना बढ़ा कि लोग एक-दूसरे पर लाठियां बरसाने लगे। आरोप है कि इसी दौरान कुछ दबंगों ने असलहे निकालकर फायरिंग कर दी, जिससे जान बचाने के लिए मेहमान इधर-उधर भागने लगे। सूचना के बाद मौके पर पहुंची एंबुलेंस से सभी घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज और मेडिकल परीक्षण कराया गया। [1, 2]
इस मामले में पीड़ित पक्ष ने स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। पीड़ितों का आरोप है कि घटना की तुरंत सूचना देने के बावजूद पुलिस काफी देर से मौके पर पहुंची। इसके अलावा, तहरीर लिखवाते समय पुलिस ने उन पर दबाव बनाया और शिकायत में फायरिंग की घटना का उल्लेख तक नहीं करने दिया।
दूसरी ओर, पुलिस ने लापरवाही के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। कोतवाली पुलिस का कहना है कि सूचना मिलते ही पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाल लिया था। मामले की पूरी गंभीरता से जांच की जा रही है। अस्पताल से आने वाली मेडिकल रिपोर्ट, घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। [1, 2, 3, 4]




