प्रतापगढ़ । उत्तर प्रदेश के सियाराम उमावैश्य ने दावा किया है कि उन्होंने राम मंदिर निर्माण के लिए अपनी जमीन बेचकर लगभग 1 करोड़ रुपये दान किए थे। अब उन्होंने आरोप लगाया है कि उनके द्वारा दिए गए धन का सही उपयोग नहीं किया गया और उसमें कथित तौर पर अनियमितता या बंदरबांट की गई है।
इस बयान के सामने आने के बाद क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई है और मामला सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। हालांकि अभी तक इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो पाई है और न ही संबंधित ट्रस्ट या संस्था की ओर से इस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है। स्थानीय लोग पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।








