वाराणसी। प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र में विकास प्राधिकरण की कार्रवाई को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी सामने आई है। रामनगर के समीप सिंघीतली गांव के लोगों का आरोप है कि वीडीए के कर्मचारी बिना किसी पूर्व सूचना या नोटिस के गांव में पहुंचकर निर्माण और पुश्तैनी जमीनों पर तोड़फोड़ कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कार्रवाई से पहले न तो संबंधित लोगों को जानकारी दी जा रही है और न ही स्थानीय थाना अथवा चौकी को इसकी सूचना दी जाती है।
आरोप है कि कुछ कर्मचारी स्कूटी से मुंह ढककर पहुंचते हैं और बिना अपना परिचय दिए जमीनों पर कार्रवाई शुरू कर देते हैं। ग्रामीणों के अनुसार, वीडीए के दायरे से बाहर बताए जा रहे क्षेत्रों में भी तोड़फोड़ की जा रही है। परिवार के आपसी बंटवारे में मिली 7-8 बिस्सा जमीन पर भी कार्रवाई किए जाने का आरोप है।
ग्रामीणों ने सवाल उठाया कि इतनी छोटी जमीन पर कोई व्यक्ति किस तरह प्लाटिंग कर सकता है। उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष जांच और कार्रवाई पर रोक की मांग की है।











