वाराणसी। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में हालिया प्रशासनिक फेरबदल के तहत पुलिस कमिश्नरेट ने बड़ा और सख्त संदेश दिया है। अपनी बेखौफ कार्यशैली और जनता के प्रति संवेदनशील रवैये के लिए चर्चित आईपीएस नीतू काद्दयान को पदोन्नत कर डीसीपी (DCP) गोमती जोन की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इससे पहले नीतू काद्दयान वरुणा जोन में एडीसीपी (ADCP) के पद पर तैनात थीं, जहां उनके कार्यकाल को काफी प्रभावशाली माना गया। स्थानीय लोगों के बीच वह ‘लेडी सिंघम’ के नाम से मशहूर हो चुकी हैं।
वरुणा जोन में सख्त एक्शन की पहचान
वरुणा जोन में तैनाती के दौरान नीतू काद्दयान ने अपराध नियंत्रण को लेकर कड़ा रुख अपनाया। बड़ी वारदातों के बाद उनकी सक्रियता के चलते कई अपराधियों ने सरेंडर किया, जबकि कई को पुलिस ने तेजी से गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे पहुंचाया।
वहीं दूसरी ओर, आम जनता और फरियादियों के प्रति उनका व्यवहार संवेदनशील रहा, जिससे वह लोगों के बीच काफी लोकप्रिय भी हुईं।
अब गोमती जोन में बढ़ेंगी उम्मीदें
गोमती जोन की कमान संभालने के बाद माना जा रहा है कि क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और अधिक मजबूत होगी। उनकी कार्यशैली को देखते हुए मनबढ़ और पेशेवर अपराधियों पर सख्त कार्रवाई की उम्मीद जताई जा रही है।
महिला नेतृत्व को मिला बल
इस प्रशासनिक बदलाव के तहत लिपि नागपात को एडीसीपी (ADCP) वरुणा की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इससे वाराणसी पुलिस में महिला अधिकारियों की भागीदारी और सशक्त हुई है।
पुलिस कमिश्नरेट का यह फैसला न केवल कानून-व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है, बल्कि ‘नारी शक्ति’ के बढ़ते प्रभाव को भी दर्शाता है। अब नजरें इस बात पर टिकी हैं कि डीसीपी नीतू काद्दयान गोमती जोन में अपराध नियंत्रण को किस तरह नई दिशा देती हैं।










