हरिद्वार। उत्तराखंड के हरिद्वार में ‘वेज बिरयानी’ नाम को लेकर नया विवाद सामने आया है। कुछ संतों और साधु-संत संगठनों ने इस नाम पर आपत्ति जताते हुए कई दुकानों के बोर्ड पर ‘वेज बिरयानी’ की जगह ‘वेज पुलाव’ के स्टिकर लगा दिए।
विरोध कर रहे संतों का कहना है कि बिरयानी पारंपरिक रूप से मांसाहारी व्यंजन मानी जाती है, इसलिए किसी शाकाहारी व्यंजन को बिरयानी कहना उचित नहीं है। उनका तर्क है कि इससे लोगों के बीच भ्रम की स्थिति पैदा होती है और खाद्य पदार्थों की पारंपरिक पहचान प्रभावित होती है।
संतों ने दुकानदारों से शाकाहारी व्यंजनों के लिए ‘वेज पुलाव’ जैसे नामों का उपयोग करने की अपील की है। वहीं, इस मुद्दे को लेकर स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है। कुछ लोग इसे परंपरा और खाद्य संस्कृति से जुड़ा विषय बता रहे हैं, जबकि कई लोगों का मानना है कि यह केवल नामकरण का मामला है।
फिलहाल इस विवाद को लेकर प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन ‘वेज बिरयानी’ बनाम ‘वेज पुलाव’ की बहस हरिद्वार में चर्चा का विषय बनी हुई है।







