सोनभद्र । न्यायालय के स्पष्ट आदेश के बावजूद ढाई वर्ष बीत जाने पर भी जमीन की फाटबंदी नहीं होने से परेशान एक महिला ने जिलाधिकारी सोनभद्र और डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़िता मंजू देवी, निवासी ग्राम मधुपुर, ने आरोप लगाया है कि डिप्टी कलेक्टर रॉबर्ट्सगंज की अदालत द्वारा 31 अक्टूबर 2023 को उनकी पैतृक भूमि की फाटबंदी और सीमांकन का आदेश दिया गया था, लेकिन राजस्व विभाग के अधिकारियों द्वारा अब तक उसका पालन नहीं कराया गया।

मंजू देवी के अनुसार उनके पिता सदाफल चौहान की भूमि आराजी संख्या 856/1, रकबा 0.2920 हेक्टेयर के सीमांकन हेतु न्यायालय ने राजस्व निरीक्षक और लेखपाल को मौके पर जाकर कार्रवाई करने का निर्देश दिया था। इसके बावजूद संबंधित अधिकारियों द्वारा लगातार टालमटोल की जा रही है। एक जून 2026 को जारी नोटिस में 8 जून को नापी की तिथि निर्धारित की गई थी, लेकिन उस दिन भी राजस्व कर्मी मौके पर नहीं पहुंचे।
पीड़िता ने बताया कि उनके पिता अस्वस्थ हैं, इसलिए उन्हें स्वयं न्याय के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। बुधवार को उन्होंने डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन सोनभद्र को भी शिकायत पत्र सौंपा। एसोसिएशन के महामंत्री राजेंद्र कुमार यादव ने मामले को गंभीर बताते हुए महिला को न्याय दिलाने का आश्वासन दिया।
अधिवक्ताओं ने इसे न्यायालय के आदेश की अवमानना बताते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो अधिवक्ता समाज पीड़िता के समर्थन में लोकतांत्रिक आंदोलन करने को बाध्य होगा।









