वाराणसी । राजकीय आयुर्वेद महाविद्यालय एवं चिकित्सालय, वाराणसी में प्राचार्य प्रो. डी.के. मौर्य के निर्देशन में स्वर्ण प्राशन कैंप का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों के स्वास्थ्य, रोग प्रतिरोधक क्षमता और समग्र विकास के प्रति अभिभावकों को जागरूक करना रहा।
प्राचार्य प्रो. डी.के. मौर्य ने कहा कि बदलते मौसम, बढ़ते प्रदूषण और आधुनिक जीवनशैली के कारण बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता प्रभावित हो रही है, जो अभिभावकों के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने बताया कि आयुर्वेद में वर्णित स्वर्ण प्राशन संस्कार बच्चों के स्वास्थ्य संरक्षण और शारीरिक-मानसिक विकास के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। इसके माध्यम से बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।

कैंप में बच्चों को स्वर्ण प्राशन संस्कार के संबंध में आवश्यक जानकारी दी गई तथा अभिभावकों को आयुर्वेदिक पद्धति के महत्व से अवगत कराया गया। कार्यक्रम में प्रो. मनोहर राम, प्रो. विनोद कुमार स्वामी, डॉ. धनंजय कुमार (SMO), डॉ. संजय प्रकाश, डॉ. अरुण दत्त राजौरिया सहित अन्य चिकित्सक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

कैंप का सफल आयोजन लॉर्ड बुद्धा चेरिटेबल ट्रस्ट, सारनाथ, वाराणसी के सौजन्य से हुआ। आयोजकों ने ट्रस्ट की सचिव श्रीमती सुनयना के सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।







