वाराणसी: वाराणसी में गंगा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ता जा रहा है और खतरे के निशान को पार कर चुका है। रविवार सुबह 8 बजे केंद्रीय जल आयोग ने गंगा का जलस्तर 71.56 मीटर रिकॉर्ड किया, जो खतरे के बिंदु 71.26 मीटर से ऊपर है। हर घंटे करीब 3 सेंटीमीटर की रफ्तार से जलस्तर में इजाफा हो रहा है।
गंगा के उफान से घाटों, गलियों और सड़कों के बाद अब पानी लोगों के घरों में घुसने लगा है। इससे तटवर्ती इलाकों में अफरा-तफरी मच गई है। कई परिवार घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों और राहत शिविरों की ओर पलायन कर चुके हैं। जिन लोगों ने घरों में डेरा डाला है, वे ऊपरी मंजिलों पर रह रहे हैं और आवागमन के लिए नावों का सहारा ले रहे हैं।
बढ़ते जलस्तर का असर वरुणा नदी पर भी पड़ा है, जिससे नक्खी घाट सहित कई इलाके जलमग्न हो गए हैं। अब तक 5,000 से अधिक परिवार प्रभावित बताए जा रहे हैं। बिजली और पानी की आपूर्ति बाधित होने से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन की ओर से राहत शिविरों की स्थापना की गई है। एनडीआरएफ, जल पुलिस, बाढ़ पीएसी और अन्य एजेंसियां लगातार निगरानी में जुटी हैं। अधिकारियों का कहना है कि गंगा का जलस्तर 72 मीटर तक पहुंच सकता है, हालांकि दो दिन बाद पानी में कमी आने की उम्मीद है।








