वाराणसी । जनपद के राजातालाब तहसील अंतर्गत 13 गांवों की अत्यधिक उपजाऊ कृषि भूमि के संभावित अधिग्रहण को लेकर किसानों में भारी आक्रोश और अनिश्चितता का माहौल व्याप्त है। इस मुद्दे पर समाजसेवी सुबेदार यादव ने जिला प्रशासन पर एकतरफा कार्रवाई का आरोप लगाते हुए कहा कि स्थानीय अधिकारियों की रिपोर्टिंग के कारण हजारों किसानों की आजीविका और भविष्य संकट में पड़ गया है।
प्रभावित गांवों में बरकी, सकलपुर, रामपुरखास, दिलावरपुर, चकसोनबरसा, देवापुरखुर्द, भीषमपुर, डोमनपुर, लालपुर, अरका, कंसरायपुर, डेकहा और करधना शामिल हैं। सुबेदार यादव का कहना है कि इन गांवों की भूमि बेहद उपजाऊ और बहुफसली है, जो क्षेत्र की अर्थव्यवस्था और किसानों की आजीविका का मुख्य आधार है। ऐसे में इन जमीनों का गैर-कृषि कार्यों के लिए अधिग्रहण किसानों के हितों के खिलाफ है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए सुबेदार यादव ने प्रधानमंत्री कार्यालय को पत्र भेजकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से तत्काल हस्तक्षेप की अपील की है। उन्होंने कहा कि किसान देश की रीढ़ हैं और उनकी सहमति के बिना उनकी जीवनदायिनी भूमि का अधिग्रहण न्यायसंगत नहीं है। किसानों ने भी प्रधानमंत्री से अपने संसदीय क्षेत्र के अन्नदाताओं की पीड़ा को समझते हुए इस मामले में संज्ञान लेने और उनकी जमीन बचाने की मांग की है।







