वाराणसी । काशी के विकास की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए केंद्र सरकार ने 25,445 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले करीब 89 किलोमीटर लंबे गंगा एवं वरुणा एलिवेटेड कॉरिडोर परियोजना को मंजूरी दे दी है। यह महत्वाकांक्षी परियोजना शहर की यातायात व्यवस्था को आधुनिक बनाने के साथ ट्रैफिक जाम की समस्या को काफी हद तक कम करेगी। इस अवसर पर महापौर अशोक कुमार तिवारी और नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने प्रधानमंत्री एवं वाराणसी के सांसद नरेंद्र मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया।


महापौर ने कहा कि यह काशी के इतिहास की सबसे बड़ी आधारभूत संरचना परियोजनाओं में से एक होगी, जिससे व्यापार, पर्यटन और रोजगार को नई गति मिलेगी। परियोजना के तहत लगभग 21.153 किलोमीटर लंबा चार-लेन वरुणा लिंक कनेक्टर कॉरिडोर एनएच-31 को रिंग रोड से जोड़ेगा, जबकि छह-लेन गंगा एलिवेटेड कॉरिडोर एनएच-19 को रिंग रोड से जोड़कर शहर की नई लाइफलाइन बनेगा।


इसके निर्माण के बाद चंदौली, मिर्जापुर, गाजीपुर, लखनऊ और बिहार की ओर से आने वाले भारी वाहन शहर के भीतरी हिस्सों में प्रवेश किए बिना अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे। इससे शहर के भीतर यातायात का दबाव 60 से 70 प्रतिशत तक घटने की उम्मीद है।

हर वर्ष काशी आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं और पर्यटकों को भी बड़ी राहत मिलेगी। यात्रा समय लगभग 60 मिनट से घटकर 20 मिनट रह जाएगा, जिससे बाबा विश्वनाथ धाम और प्रमुख घाटों तक पहुंच अधिक तेज और सुगम होगी।





