बलिया । अखिल भारतीय राज्य सरकार पेंशनर फाउंडेशन के आह्वान पर सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर एसोसिएशन उत्तर प्रदेश के बैनर तले मंगलवार को कलेक्ट्रेट परिसर में जोरदार धरना-प्रदर्शन किया गया। पेंशनरों ने जिला प्रशासन के माध्यम से प्रदेश सरकार को ज्ञापन सौंपते हुए चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो वे निर्णायक आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से वित्तीय वर्ष 2025 में पेंशनरों के बीच तिथि के आधार पर किए गए विभेद को समाप्त करने की मांग उठाई गई। पेंशनरों ने कहा कि पुराने पेंशनभोगियों को आठवें वेतन आयोग की सीमा में शामिल किया जाए। साथ ही, 29 अगस्त 2008 के राजपत्र में प्रकाशित निर्णय के अनुरूप कर्मचारी, पेंशनर और शिक्षकों के लिए अलग उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) निर्धारित करने की भी मांग की गई।
10 सूत्रीय मांगपत्र में संगठन ने स्पष्ट किया कि उन्हें अब तक आठवें वेतन आयोग के दायरे में नहीं लाया गया है। इस मुद्दे को लेकर कई बार पत्राचार और कार्यक्रम आयोजित किए गए, लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है, जिससे पेंशनरों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
संजय सिंह रिपोर्टिंग बलिया।





