वाराणसी। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के खिलाफ रामनगर स्थित PAC तिराहे पर लगाए गए आपत्तिजनक पोस्टरों को लेकर समाजवादी कार्यकर्ताओं में भारी आक्रोश देखने को मिला। पार्टी नेताओं ने इसे भाजपा समर्थित अराजक तत्वों की साजिश बताते हुए PDA की एकता और सामाजिक न्याय की आवाज को दबाने का प्रयास करार दिया।

सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार पहले स्मार्ट मीटर के नाम पर जनता पर आर्थिक बोझ डाल रही थी और पोस्टपेड स्मार्ट मीटर को प्रीपेड में बदलकर गरीबों एवं मध्यम वर्ग को परेशान किया गया। उन्होंने कहा कि जनता और समाजवादियों के विरोध के बाद सरकार को अपना फैसला वापस लेना पड़ा।
आपत्तिजनक पोस्टर की सूचना मिलते ही महानगर अध्यक्ष पिछड़ा प्रकोष्ठ विवेक राकी, महानगर अध्यक्ष महिला सभा संगीता पटेल तथा लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी सौरभ आनंद के नेतृत्व में समाजवादी कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे। रामनगर पुलिस की मौजूदगी में पोस्टर हटाकर फाड़ा गया और विरोध प्रदर्शन किया गया।
इसके बाद कार्यकर्ताओं ने थाना प्रभारी राजकिशोर पांडे को पत्रक सौंपकर दोषियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की। समाजवादी पार्टी ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो पार्टी सड़क पर उतरकर बड़ा आंदोलन करेगी।
प्रदर्शन में मणि शंकर, इंजामुल खान, हमजा खान, मनीष यादव, उमेश यादव समेत पार्टी के दर्जनों कार्यकर्ता मौजूद रहे।







