वाराणसी । मंडुवाडीह निवासी एवं पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य पवन पटेल की जिंदगी उनकी पत्नी चंदा पटेल के साहसिक और भावनात्मक निर्णय से बच गई। कई महीनों से गंभीर रूप से बीमार चल रहे पवन पटेल के लिवर के खराब होने के बाद डॉक्टरों ने तत्काल लिवर ट्रांसप्लांट की सलाह दी थी। परिवार के सामने बड़ी चुनौती खड़ी थी, लेकिन पत्नी चंदा पटेल ने बिना किसी हिचकिचाहट के अपना लिवर दान करने का निर्णय लिया।
दिल्ली के एक अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में दोनों की विस्तृत जांच के बाद सफल लिवर ट्रांसप्लांट किया गया। ऑपरेशन सफल रहा और वर्तमान में पति-पत्नी दोनों स्वस्थ एवं सुरक्षित हैं। चंदा पटेल के इस त्याग और समर्पण की डॉक्टरों सहित क्षेत्र के लोगों द्वारा खूब सराहना की जा रही है। लोगों का कहना है कि उन्होंने अपने फैसले से पति-पत्नी के अटूट प्रेम, विश्वास और समर्पण की अनूठी मिसाल पेश की है। यह घटना समाज के लिए प्रेरणादायक संदेश बन गई है।





