बलिया । जनपद के रसड़ा क्षेत्र में बस स्टेशन को डिपो का दर्जा दिलाने की मांग एक बार फिर तेज हो गई है। समाजसेवियों, बुद्धिजीवियों और स्थानीय नागरिकों ने प्रदेश सरकार, परिवहन मंत्री तथा जनप्रतिनिधियों का ध्यान इस ओर आकृष्ट कराते हुए कहा है कि वर्षों से आश्वासन मिलने के बावजूद रसड़ा को अभी तक डिपो का दर्जा नहीं मिल सका है। इससे क्षेत्र के लोगों में निराशा और असंतोष व्याप्त है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि रसड़ा बस स्टेशन आज भी कई बुनियादी सुविधाओं से वंचित है। बसों का नियमित संचालन और ठहराव भी पर्याप्त नहीं है, जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। वाराणसी, गोरखपुर, मऊ, लखनऊ सहित अन्य प्रमुख शहरों के लिए जाने वाली कई बसें स्टेशन परिसर में न रुककर बाहर से ही यात्रियों को उतारकर आगे बढ़ जाती हैं।
समाजसेवियों का तर्क है कि यदि रसड़ा को डिपो का दर्जा मिल जाए तो क्षेत्र में परिवहन सुविधाओं का विस्तार होगा और विल्थरा रोड, दोहरीघाट, घोसी, गोरखपुर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को सुरक्षित एवं सुगम यात्रा की बेहतर सुविधा मिल सकेगी। उन्होंने मुख्यमंत्री से रसड़ा के समग्र विकास को ध्यान में रखते हुए बस स्टेशन को शीघ्र डिपो का दर्जा प्रदान करने की मांग की है।
संजय सिंह रिपोर्टिंग बलिया।








