मीरजापुर । जनपद के जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार के निर्देशन एवं अपर जिलाधिकारी (वि०/रा०) विनोद कुमार सिंह के मार्गदर्शन में 13 अगस्त को जनपद के 200 आपदा मित्रों एवं विंध्याचल क्षेत्र के नाविकों को “आपदा जोखिम न्यूनीकरण” विषय पर एक दिवसीय प्रशिक्षण दिया गया। आगामी 18 अगस्त को प्रस्तावित मॉक एक्सरसाइज से पहले टेबल टॉप एक्सरसाइज भी आयोजित की गई।

जिलाधिकारी ने स्वयंसेवकों को आपदा के दौरान सुरक्षित तरीके से सेवा करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि आपदा से जन-धन की क्षति कम करने का सबसे प्रभावी उपाय पूर्व तैयारी और प्रशिक्षित मानव संसाधन है।

उत्कृष्ट कार्य कर लोगों की जान बचाने वाले आठ गोताखोरों—नीरज, साजन, राहुल निषाद, चानिका निषाद, विक्की, तौलन, रामबाबू व सूरज तथा चार नाविकों—सचिन निषाद, अर्जुन साहनी, राजेंद्र निषाद और सुजीत को प्रशस्ति पत्र एवं शॉल देकर सम्मानित किया गया।

प्रशिक्षण में अग्निकांड, बाढ़, सर्पदंश, प्राथमिक उपचार, CPR, सुरक्षित निकासी, फायर एक्सटिंग्विशर के उपयोग और घरेलू संसाधनों से बचाव उपकरण बनाने की जानकारी दी गई। स्वास्थ्य विभाग ने सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक से बचकर तत्काल अस्पताल पहुंचने की सलाह दी।

11वीं बटालियन NDRF की टीम ने भी विभिन्न आपदाओं में बचाव एवं विभागीय भूमिका पर प्रशिक्षण दिया। कार्यक्रम का आयोजन जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, कार्यालय जिलाधिकारी, मीरजापुर द्वारा किया गया।







